मार्केट की भी बजट पर नजर, जानें मोदी सरकार के पिछले बजट में कैसा रहा बाजार
Punjab ujala news : वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज अपना छठा बजट पेश करने जा रही हैं. चूंकि यह चुनावी साल है इसलिए सरकार अंतरिम बजट पेश कर रही है. वैसे तो अंतरिम बजट में कहने के लिए बहुत कुछ नहीं होता है, लेकिन बाजार की पूरी नजर बजट पर बनी रहती है. बजट की घोषणाओं का बाजार पर सीधा-सीधा असर पड़ता है. एक्सपर्टी की मानें तो बाजार में तेजी बनी हुई है और बजट की घोषणाओं के बाद भी यह रैली बनी रहेगी. आज बजट वाले दिन 1 फरवरी को वित्त मंत्री की घोषणाओं से पहले बाजार में तेजी देखने को मिल रही है. निफ्टी 56 चढ़कर 21,782 अंक पर कारोबार करता देखा गया. वहीं बीएससी सेंसेक्स 219 के उछाल पर 71,971 के स्तर पर ऊपर की ओर बढ़ रहा था. बाजार के जानकारों ने भरोसा जताया है कि बजट से अच्छी उम्मीदें और बाजार में इसका सकारात्मक रुख रहेगा.
पिछले साल बजट की घोषणाओं के बाद बीएसई सेंसेक्स और एनएसई निफ्टी में 20 प्रतिशत तक का उछाल देखने को मिला था. चुनाव से पहले मजबूत भावनाओं, व्यापक आर्थिक स्थितियों में सुधार और ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों के बीच मिड-कैप और स्मॉल-कैप सूचकांक ने अच्छी ग्रोथ की थी. बाजार को उम्मीद है कि सरकार आधारभूत ढांचे के विकास पर लगातार ध्यान देगी और इस मद के बजट में इजाफा होगा. प्राइवेट सेक्टर का रुझान इस ओर बढ़ेगा. आने वाले समय में इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में तेजी देखने को मिलेगी.
चुनावी वर्ष के कारण बजट में किसी बड़ी घोषणा की उम्मीद नहीं है. 10 साल पहले मई, 2014 में सत्ता में आने के बाद से यह नरेंद्र मोदी सरकार का 12वां बजट होगा. ऐतिहासिक रूप से, बजट का बाजारों पर महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ा है क्योंकि सरकारी नीतियां निजी क्षेत्र के निवेश को प्रभावित करती हैं.
