मिठाई की दुकानों, करियाना व डेयरियों पर की छापामारी
Punjab ujala news : लोगों को शुद्ध, सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से फूड सेफटी विभाग की ओर से जिले में छापामारी अभियान लगातार चलाया जा रहा है। इसी कड़ी में फूड सेफटी विभाग की टीम ने विभिन्न प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई करते हुए 3 मिठाई की दुकानों, एक करियाना स्टोर व डेयरियों पर छापामारी की। छापामारी दौरान फूड सेफटी विभाग ने 5 सैंपल सील किए जिन्हें जांच के लिए खरड़ स्थित लैब में भिजवा दिया गया है।
कमिश्नर फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन पंजाब कंवलप्रीत कौर बराड़, डिप्टी कमिश्नर दलविन्द्र सिंह और सिविल सर्जन डा. भारती धवन के निर्देशों पर जिला सेहत अधिकारी डा. मनजीत सिंह रटौल के साथ फूड सेफटी एक्ट अधिकारी कमलप्रीत कौर (अमृतसर-3) ने विभिन्न जगहों पर छापामारी करते हुए 5 सैंपल सील किए जिनमें मैगी, रसगुल्ला, मट्ठियां, मिल्क व वेसन के लड्डू शामिल हैं। निरीक्षण के दौरान टीम ने संबंधित प्रतिष्ठानों में उपलब्ध खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और उनके रखरखाव से जुड़ी व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
सैंपलों को जांच हेतु लैब भिजवाया
डा. मनजीत सिंह रटौल ने कहा कि लिए गए पांचों सैंपलों को जांच के लिए खरड़ लैबोरेटरी में भिजवा दिया गया है। जिन फूड आप्रेटरों के खाद्य पदार्थों में कमी पाई जाएगी, उनके खिलाफ फूड सेफटी एक्ट के आधार पर कारवाई की जाएगी। इसके तहत फूड आप्रेटर का केस कोर्ट में लगाया जाएगा, जिसके तहत उक्त फूड आप्रेटर को जुर्माना व सजा हो सकती है। जिला सेहत अधिकारी डा. रटौल ने खाद्य कारोबारियों को खाद्य सुरक्षा से संबंधित नियमों का पालन करने और उपभोक्ताओं को अच्छी गुणवत्ता वाले खाद्य पदार्थ उपलब्ध करवाने की हिदायत दी। अधिकारी ने स्पष्ट किया कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से समझौता करने से लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है, इसलिए प्रत्येक कारोबारी को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए नियमों का पालन करना चाहिए।
क्या कहना है सिविल सर्जन का
डा. भारती धवन ने दुकानदारों और डेयरी संचालकों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता बनाए रखने के साथ-साथ साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। खाद्य सामग्री को स्वच्छ स्थान पर रखना, उसे धूल और गंदगी से बचाना तथा उचित तरीके से भंडारण करना बेहद जरूरी है। विशेष रूप से दूध और दूध से बने उत्पादों को सुरक्षित रखने के लिए निर्धारित स्वच्छता मानकों का पालन किया जाना चाहिए।
