MBD मॉल के शोरूम कर्मचारी की संदिग्ध हालात में मौ+त
Punjab ujala news :महानगर के थ्रीके रोड इलाके में सोमवार सुबह खाली प्लॉट से बरामद हुए युवक के शव के मामले में एक बेहद सनसनीखेज और दर्दनाक खुलासा हुआ है। मृतक की पहचान करण (22) के रूप में हुई है, जो स्थानीय एमबीडी (MBD) मॉल के एक जूतों के शोरूम में काम करता था। चौंकाने वाली बात यह है कि करण रविवार सुबह अपने घर से मोबाइल झपटमारी की शिकायत दर्ज करवाने के लिए थाने जाने की बात कहकर निकला था, लेकिन उसके बाद वह जिंदा वापस नहीं लौटा। सोमवार सुबह उसका शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। मृतक के चेहरे और शरीर पर चोटों के गहरे निशान मिले हैं, जिसके बाद पुलिस ने इस मामले में अज्ञात हत्यारों के खिलाफ कत्ल का मुकदमा दर्ज कर अपनी तफ्तीश को आगे बढ़ाया है।मृतक करण के भाई पिंटू ने रुआंसे होते हुए बताया कि रविवार सुबह करीब 9 बजे करण ने परिवार को बताया था कि उसका मोबाइल स्नैच (छिन) हो गया है और वह इसी की कंप्लेंट लिखवाने थाने जा रहा है। घर से निकलने के बाद वह अपने एक दोस्त के साथ थ्रीके फाटक के पास रहने वाले अपने किसी रिश्तेदार के घर चला गया। पिंटू के अनुसार, सोमवार सुबह उसी रिश्तेदार का रोते हुए फोन आया, जिसने सूचना दी कि करण बेसुध हालत में एक खाली प्लॉट में पड़ा हुआ है। जब करण की मामी और अन्य परिजन मौके पर पहुंचे, तो वहां का मंजर देखकर उनकी चीखें निकल गईं। करण की मौत हो चुकी थी और उसका चेहरा चोटों के कारण बुरी तरह काला पड़ा हुआ था।
भाई पिंटू और दुखी परिवार ने सीधे तौर पर आरोप लगाया है कि करण की बेरहमी से मारपीट करने के बाद हत्या की गई है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि मामले की निष्पक्ष और गहनता से जांच कर कातिलों को बेनकाब किया जाए। पिंटू ने बताया कि करण तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ा था और अभी उसकी शादी भी नहीं हुई थी। उनका परिवार मूल रूप से उत्तर प्रदेश के जिला उन्नाव का रहने वाला है और पिछले 15 सालों से लुधियाना में मेहनत-मजदूरी कर रहा है। करण की किसी के साथ कोई पुरानी दुश्मनी या रंजिश भी नहीं थी, जिससे परिवार इस खौफनाक वारदात के पीछे की वजह को लेकर पूरी तरह सदमे में है।इस ब्लाइंड मर्डर मिस्ट्री को लेकर थाना सदर के एएसआई जॉन पीटर ने बताया कि पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल के शवगृह में भिजवा दिया है। शुरुआती जांच में मृतक के शरीर और चेहरे पर चोटों के निशान मिलने की पुष्टि हुई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद मौत के सटीक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल, पुलिस की कई टीमें हर पहलू को ध्यान में रखकर मामले की पड़ताल कर रही हैं। आरोपियों का सुराग लगाने के लिए थ्रीके फाटक और आसपास के रास्तों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। एएसआई ने भरोसा दिलाया कि इस वारदात को अंजाम देने वाले दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे धकेला जाएगा।
